गुरुवार, 27 दिसंबर 2018

नयी दोस्त ii

वैसे तो तेरे off line होने के बाद भी घंटो तेरी ID देखता हू!
मगर आज तो हद हो गयी जब निगाहे तेरी DP से हट नही रही थी !
कोई flirt करता है तो जहर के घूट सा पी जाता हू !
एसा नही है जलता हू पर तुझे खोने से डरता हू !


तू मेरी frnd list मे भी नही है पर तेरी post ढूँढता रहता हू !
सख्ती बहुत दिखाता हू पर दरअसल मे बहुत नरम हु!
कभी गौर किया है तेरे एक msg का एक sec मे reply देता हू ?
सोचता हू ignore कर दू पर अपने आप तुझ तक आता हू !

एसे तो हज़ारो frnds मेरे भी है पर वो बात नही !
जो सिर्फ़ तुझमे है वो किसी और मे हो भी कैसे सकती है !
तेरी मासूमियत पर दिल हारकर बैठे है तू न
ही जानती !
प्यार बहुत करता हू कहने से डरता हू तू नही जानती !

कही तू बुरा मान गयी तो खुद को माफ़ नही कर पाउन्गा मै !
तेरे आने से महसूस होता है वो प्यार कहा से लाउन्गा मै !

एक बार भी नही देखा है तुम्हे अभी तक जानती हो तुम !
पर पता नही क्यू अपनापन सा लगता है जानती हो तुम?
तेरे नाम से मोहब्बत हुई है आज तक बस इतना सा वजूद है!
पर चुप रहता हू ये दिल तुझ जैसे दोस्त खोने से डरता है !

मै नही जानता कभी बात भी करोगी या नही !
पर इतना समझ ले इश्क काफ़ी हदो तक जायेगा !
तू जानती है जितनी भी मोहब्बत की कहानिया है ?
चेहरा देखे बिना चढ़ी इश्क की खुमारिया है

कुछ एसा ही हमारा इश्क होगा देख लेना !
तू हा कर दे मै हर वक्त साये की तरह साथ दूँगा देख लेना !
समझ कुछ भी जो दिल मे था लिख दिया !
एक एक शब्द मे प्यार महसूस होगा देख लेना !

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